हरदा। हरदा रेलवे स्टेशन पर संचालित उप डाकघर को बंद करने के आदेशों के खिलाफ विरोध तेज हो गया है। जमना जैसानी फाउंडेशन के पदाधिकारियों ने इस निर्णय पर आपत्ति जताते हुए हरदा के पोस्टमास्टर अरविंद जोशी को ज्ञापन सौंपा और आदेश निरस्त करने की मांग की।
फाउंडेशन के प्रतिनिधियों ने कहा कि एक ओर देश के संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया डाक विभाग को सशक्त बनाने और उसकी जनउपयोगी योजनाओं को हर व्यक्ति तक पहुंचाने की बात कर रहे हैं। उन्होंने हाल ही में कहा था कि “डाकिया चलता है तो देश चलता है” तथा गांव में दो लोगों को सभी जानते हैं—एक डाकिया और एक कोटवार।
वहीं दूसरी ओर हरदा जिले में डाक सेवाओं को कमजोर किया जा रहा है। शहर में पूर्व में दो उप डाकघर बंद किए जा चुके हैं और अब रेलवे स्टेशन स्थित उप डाकघर को भी बंद करने के आदेश जारी हो चुके हैं।
फाउंडेशन के अनुसार यह उप डाकघर वर्ष 1906 से संचालित हो रहा है। वर्तमान में यह सिंगल हैंड संचालित था और इसे डबल हैंड किए जाने की मांग की जा रही थी, लेकिन मांग पर विचार करने के बजाय इसे बंद करने का निर्णय लिया गया।
पदाधिकारियों ने बताया कि रेलवे स्टेशन स्थित उप डाकघर पर सर्वाधिक डाक का आवागमन होता है। रक्षाबंधन जैसे त्योहारों पर बहनें भाइयों को राखी डाक से भेजती हैं। ऐसे में उप डाकघर बंद होने से आम नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ेगा।
डाकघर के माध्यम से सुकन्या समृद्धि योजना, लाड़ली बहना योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, बैंकिंग सेवाएं, अल्प बचत योजनाएं एवं पार्सल सेवा सहित कई योजनाएं संचालित हो रही हैं। उप डाकघर बंद होने से इन योजनाओं का लाभ लोगों तक सुगमता से नहीं पहुंच पाएगा।
फाउंडेशन ने प्रशासन से मांग की है कि जनहित को ध्यान में रखते हुए रेलवे स्टेशन उप डाकघर को बंद करने के आदेश तत्काल निरस्त किए। ज्ञापन देते समय निकुंज अग्रवाल,धर्मेंद्र सोनी,अनिल अग्रवाल,प्रवीण शर्मा आदि मौजूद रहे।













