टिमरनी । महाविद्यालय में आयोजित हो रहे विभिन्न कार्यक्रमों में पिछले दो वर्षों से क्षेत्रीय विधायक महोदय को लगातार आमंत्रित नहीं किया जा रहा है। यह न केवल जनप्रतिनिधि का अपमान है, बल्कि लोकतांत्रिक परंपराओं और मर्यादाओं के खिलाफ भी है। उक्त आरोप कांग्रेस नेताओं ने लगाते हुए कहा कि जनप्रतिनिधि जनता और शासन के बीच सेतु का कार्य करते हैं। ऐसे में सार्वजनिक कार्यक्रमों में उनकी उपस्थिति अनिवार्य रूप से होनी चाहिए, ताकि जनता की समस्याओं व अपेक्षाओं का सीधा संवाद स्थापित हो सके।
इस संदर्भ में अनुभागीय अधिकारी टिमरनी के माध्यम से कलेक्टर हरदा को ज्ञापन सौंपा गया, जिसमें कॉलेज प्रबंधन पर उचित कार्रवाई की मांग की गई है। साथ ही, भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सख्त निर्देश जारी करने की मांग भी की गई है।्साथ ही, जितेंद्र सोनकिया कांग्रेस मंडलम ने आरोप लगाया कि कॉलेज प्रबंधन सत्ता पक्ष के दबाव में काम कर रहा है। सत्ता पक्ष के दबाव में बिना आवश्यकता के जनभागीदारी में नियुक्तियाँ की गईं, अपनी मर्ज़ी से वेतन वृद्धि में विसंगतियाँ की गईं,जनभागीदारी शुल्क बढ़ाकर छात्रों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाला गया।
इन सभी मुद्दों को बेहद गंभीर बताते हुए ज्ञापन में कलेक्टर महोदय से संपूर्ण प्रकरण की जांच कर उचित कार्रवाई की मांग की गई है। इस अवसर पर नगर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष , कांग्रेस मंडलम अध्यक्ष जितेंद्र सोनकिया , सचिन सेठ,धर्मेंद्र जसपाल,शहजाद खान, शेंकी उपाध्याय, शिवम कनोजिया,अनीश शाह ,सहित अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे।













