InCollage 20251122 220639499

तहसीलदार ने की भाजपा मंडल अध्यक्ष की विधायक को शिकायत, स्टाफ से अभद्र व्यवहार पर दण्डात्मक कार्यवाही की मांग…

  • मंडल अध्यक्ष ने काम के एवज में तहसीलदार और स्टाफ पर रुपये मांगने का आरोप
  • पत्र वायरल करने बीजेपी जिला संगठन की तहसीलदार से नाराजगी…
  • सत्ता संगठन तंत्र में वायरल पत्र की चर्चा सड़क से भोपाल के चार इमली पहुँचा…

भोपाल । मध्यप्रदेश में सत्ता पक्ष के पदाधिकारियों द्वारा संवैधानिक पद पर पदस्थ शासकीय अधिकारीयों ओर कर्मचारियों को परेशान करने की शिकायत आम हो चुकी है। ऐसे ही एक मामले में एक मंडल अध्यक्ष के अनुचित दबाव ओर स्टॉफ के साथ की जा रही अभद्रता से तंग आकर एक तहसीलदार ने सत्ता पक्ष के माननीय विधायक महोदय को बाकायदा पत्र लिखकर मंडल अध्यक्ष की शिकायत की है ।

मामला मध्यप्रदेश के देवास जिले के बागली तहसील का बताया जा रहा है । भाजपा जटाशंकर मंडल अध्यक्ष गोविंद यादव पर तहसीलदार पीहू कुरील ने यादव के विरुद्ध गंभीर आरोप लगाते हुए भाजपा विधायक मुरली भंवरा को लिखित शिकायत भेजी है।

शुक्रवार को वायरल पत्र में यादव पर आरोप है कि वे अपने पद का दुरुपयोग करते हुए तहसील कार्यालय के कर्मचारियों पर मनमाने तरीके से काम कराने का दबाव बनाते हैं। तहसीलदार का कहना है कि रीडर, पटवारी और भृत्य के साथ अभद्रता और धमकी की घटनाएं सामने आई हैं। उन्होंने लिखा कि यादव न्यायालय की गरिमा को ठेस पहुंचा रहे हैं। आरोप है कि गोविंद यादव तहसील कार्यालय के कर्मचारियों के साथ लगातार अभद्र, अशोभनीय और दादागिरी पूर्ण व्यवहार कर रहे हैं।

तहसीलदार ने जो शिकायत भेजी है उसमें बताया गया है कि विभाग के रीडर ने गोविंद यादव के विरुद्ध लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। तहसीलदार ने इस मामले की जांच की, जिसमें पाया गया कि गोविंद यादव ने रीडर के साथ न केवल अभद्र भाषा का प्रयोग किया, बल्कि दबाव बनाकर मनमाने काम करवाने की कोशिश भी की।

पटवारी और भृत्य से भी अभद्रता का आरोप : शिकायत में यह भी उल्लेख है कि इससे पहले भी पटवारी कृष्णा परमार और भृत्य मधु राठौर के साथ अभद्रता की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। आरोप है कि गोविंद यादव स्वयं को भाजपा, संघ और मंडल अध्यक्ष बताते हुए कर्मचारियों को धमकाते हैं और गाली-गलौज कर न्यायालय की गरिमा को ठेस पहुंचाते हैं।

शिकायत में यह भी लिखा गया है कि गोविंद यादव की ये हरकतें न केवल न्यायालय की प्रतिष्ठा को धूमिल करती हैं, बल्कि विधायक तथा पार्टी के नाम का भी दुरुपयोग कर उनकी छवि को नुकसान पहुंचाती हैं।

गोविंद यादव पर कार्रवाई की मांग की : तहसीलदार ने अपनी शिकायत में कहा है कि यह आचरण भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 499, 500, 356, 504, 294, 357 तथा अनुसूचित जाति/जनजाति (SC/ST) अधिनियम के तहत दंडनीय अपराध है और किसी भी प्रकार से क्षम्य नहीं है।

तहसीलदार ने विधायक मुरली भंवरा से मांग की है कि पार्टी की छवि, न्यायालय की गरिमा और कर्मचारियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए गोविंद यादव के विरुद्ध शीघ्र वैधानिक एवं दंडात्मक कार्रवाई की जाए।

मंडल अध्यक्ष यादव ने भ्रष्टाचार का विरोध करने पर झूठी शिकायत करने की बात कही है। वहीं कलेक्टर ऋतुराज सिंह ने मामले में जांच कराने के निर्देश दिए। मामले को लेकर वायरल पत्र से राजधानी तक में चर्चा है। 

Scroll to Top